सवा दो लाख की लागत से तैयार ध्वज होगा अर्पित, पांच दिवसीय पदयात्रा में गूंजेंगे भजन और जयकारे
केकड़ी 3 अगस्त- आस्था, श्रद्धा और भक्ति का अनूठा संगम सोमवार को कादेड़ा कस्बे में देखने को मिला, जब भगवान श्री सांवरिया सेठ सेवा समिति के तत्वावधान में करीब 150 श्रद्धालु पांच दिवसीय पदयात्रा पर सांवरिया सेठ धाम के लिए रवाना हुए। श्रद्धालु अपने साथ करीब सवा दो लाख रुपये की लागत से निर्मित सवा किलो चांदी का भव्य ध्वज लेकर निकले हैं, जिसे 8 अगस्त को भगवान श्री सांवरिया सेठ के श्रीचरणों में विधि-विधान के साथ अर्पित किया जाएगा।
समिति के संरक्षक कैलाश साहू ने बताया कि यह पदयात्रा केवल धार्मिक यात्रा नहीं, बल्कि विश्व शांति, मानव कल्याण, सुख-समृद्धि और सामाजिक सद्भाव की कामना को समर्पित है। पांच दिनों तक पदयात्री भजन-कीर्तन करते हुए विभिन्न गांवों और कस्बों से गुजरेंगे तथा सांवरिया सेठ के जयकारों से वातावरण भक्तिमय बनाएंगे।

उन्होंने बताया कि सांवरिया सेठ धाम पहुंचने पर युवा संत अवधेश जी महाराज (सांपला) के श्रीमुख से भजनों की अमृतवर्षा होगी। इस अवसर पर भगवान श्री सांवरिया सेठ को छप्पन भोग अर्पित किए जाएंगे तथा विशेष पूजा-अर्चना कर चांदी का ध्वज समर्पित किया जाएगा।पदयात्रा का शुभारंभ कादेड़ा के सदर बाजार स्थित गणेश मंदिर से हुआ। यहां ग्राम पंचायत प्रशासक रामस्वरूप गुर्जर एवं महंत श्री गंगादास जी महाराज ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच मुख्य संरक्षक कन्यालाल सोनी, पंडित दुर्गेश कुमार दाधीच, दिनेश कुमार मूंदड़ा और रामावतार सोनी को ध्वज सौंपकर यात्रा को विधिवत रवाना किया। श्रद्धालुओं ने “जय श्री सांवरिया सेठ” के जयघोष के साथ यात्रा प्रारंभ की।यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं के लिए भोजन, पेयजल, चिकित्सा और विश्राम सहित विभिन्न व्यवस्थाएं सेवा समिति द्वारा की गई हैं। समिति के सदस्यों का कहना है कि हर वर्ष की तरह इस बार भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु पदयात्रा में शामिल हुए हैं और पूरे मार्ग में धार्मिक वातावरण बना रहेगा।यात्रा रवाना होने के अवसर पर राजेंद्र कुमार टाक, कालू भाटी, कैलाश मेघवंशी, त्रिलोकचंद मेघवंशी सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण, श्रद्धालु एवं समाजजन मौजूद रहे। सभी ने पदयात्रियों का पुष्पवर्षा कर स्वागत किया और मंगलमय यात्रा की कामना की।
